Sheeshe Ke Gharon Mein Lyrics-Kishore Kumar, Sanam Teri Kasam

  • Post comments:0 Comments

Title – शीशे के घरों में Lyrics
Movie/Album- सनम तेरी कसम Lyrics-1982
Music By- राहुल देव बर्मन
Lyrics- गुलशन बावरा
Singer(s)- किशोर कुमार

शीशे के घरों में देखो तो
पत्‍थर दिल वाले बसते हैं
जो प्यार को खेल समझते हैं
ओर तोड़ के दिल को हँसते हैं
शीशे के घरों में…

कभी जान पे खेल के भी जग में
कसमों को निभाया जाता था
जब वादे भुलाने से पहले
खुद को ही भुलाया जाता था
अब कसमें कितनी झूठी हैं
ओर वादे कितने सस्ते हैं
जो प्यार को खेल समझते…

अजी प्यार सौदा दिलों का है
जो ये व्योपारी क्या जानें
ये प्यार तो अपनी पूजा है
दौलत के पुजारी क्या जानें
अपनी हर बात छुपाते हैं
दीवानों पे फ़ितरे कसते हैं
जो प्यार को खेल समझते…

Leave a Reply